सप्तम परम्परा शास्त्रीय संगीत समारोह में
शिष्यों व कला साधकों ने कला मनीषी पं० महेश्वरपति त्रिपाठी को दी संगीतांजलि
मीरजापुर।
ललित कलाओं के संरक्षण व सम्वर्धन हेतु आजीवन क्रियाशील रहे नटराज स्वरुप पं० महेश्वरपति त्रिपाठी ने १३ जनवरी २०१९ को स्थूल शरीर का त्याग कर इस मर्त्यलोक से प्रस्थान किया था. इस महान विभूति की याद में इनके जन्मदिन को उत्सव का रूप देते हुये शिष्यों ने एक समारोह “परम्परा शास्त्रीय संगीत समारोह” का आयोजन वर्ष २०१९ से ही प्रारम्भ किया. कल दिनांक 12.08.2025 मंगलवार को यह समारोह माँ विन्ध्यवासिनी के प्रांगण में आयोजित किया गया।
समारोह के मुख्य अतिथि अयोध्या नगर निगम के मेयर पं० गिरीशपति त्रिपाठी की उपस्थिति से आयोजक गण प्रफुल्लित रहे. समारोह का प्रारम्भ माँ के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलन व पं० महेश्वरपति त्रिपाठी के चित्र पर माल्यार्पण कर किया गया. मुख्य अतिथि को आयोजकों द्वारा अंगवस्त्र व माल्यार्पण कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत पं० महेश्वरपति त्रिपाठी के शिष्य मनीष मिश्र की शिष्याओं द्वारा भाव नृत्य द्वारा किया गया. कोलकाता से पधारी ओडिसी नृत्यांगना सुश्री अद्रिजा कुंडू द्वारा बहुत ही सुन्दर नृत्य की प्रस्तुति की गई, प्रतीत हुआ जैसे माँ स्वयं झूम रही हैं. लखनऊ से आयीं डा० मनीषा मिश्रा के कत्थक नृत्य ने समारोह को एक नवीन उंचाई प्रदान की. पं० आशीष मिश्र ने अपने गायन से सर्वप्रथम माँ को संगीतान्जली अर्पित की तत्पश्चात कजली की मीरजापुरी व बनारसी चलनों को बड़े ही सधे अन्दाज में प्रस्तुत कर वातावरण को पूर्णत: संगीतमय कर दिया।
समारोह का मुख्य आकर्षण तबले पर संरक्षक पं० पूरण महाराज व पखावज पर उनकी सुपुत्री कु० अवन्तिका महाराज की जुगलबन्दी रही. लखनऊ के बाल कलाकार आराध्या प्रवीण के एकल तबला वादन ने श्रोताओं को मन्त्र मुग्ध कर दिया। पं० अमरेन्द्र मिश्र के सितार वादन ने उपस्थित श्रोताओं को संगीत की लहरों में गोते लगाने को विवश कर दिया। कला साधकों का हारमोनियम पर गौरव मिश्र, तबले पर श्री देवनारायण मिश्र व सारंगी पर श्री अवनीश मिश्र ने अत्यन्त कुशल संगत किया।
समारोह में पं० राजपति ओझा को उनके समाजोपयोगी सेवाओं हेतु “परम्परा सम्मान” से सम्मानित कर अभिनन्दन पत्र आयोजकों द्वारा प्रदान किया गया। संयोजक अपूर्वपति त्रिपाठी के कुशल संयोजन, व्यवस्थापक दिनेश्वरपति त्रिपाठी की सधी व्यवस्थाओं ने समारोह को सकुशल सम्पन्न कराया। कार्यक्रम का कुशल संचालन सचिव विन्ध्यवासिनी प्रसाद केसरवानी द्वारा किया गया। धन्यवाद ज्ञापन अध्यक्ष पं० ओमप्रकाश मिश्र द्वारा किया गया. समारोह का सीधा प्रसारण “परम्परा शास्त्रीय संगीत समारोह” के फेसबुक पेज पर किया गया।
समारोह में मुख्य रूप से रविशंकर मिश्र, पंकज द्विवेदी, अगस्त द्विवेदी, राजन पाठक, डा० संजय मुसद्दी, पुनीत अग्रवाल, जितेन्द्र भट्ट, पं० महावीर प्रसाद चटर्जी, रविशंकर शास्त्री, रतन लाल, मनीष शर्मा, रत्नेश भट्ट, अभिनव त्रिपाठी, सूर्यप्रकाश तिवारी, बालेश्वर नाथ तिवारी, हार्दिक केसरवानी, चिराग शुक्ला, कार्तिकेय पाण्डेय, सुन्दरम, आशुतोष कांस्यकार, शिवम कांस्यकार, विनीत जायसवाल, संजय केसरवानी, रुपेश पाण्डेय, कालीशंकर, इत्यादि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।



