विकासवाद की ऑधी मे सब बिखरता चला गया परिवार: मंजू जायसवाल
मीरजापुर।
विश्व हिन्दू परिषद् के तत्वावधान मे मातृशक्ति/दुर्गावाहिनी का बाल संस्कार अभ्यास वर्ग विहिप कार्यालय पर सम्पन्न हुआ।शुभारंभ माँ दुर्गा व प्रभु श्रीराम के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलन व पुष्प अर्पित कर किया गया।
मुख्य अतिथि प्रान्त सत्संग प्रमुख मंजू जायसवाल ने बाल संस्कार अभ्यास वर्ग के कार्यक्रम पर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि विश्व हिन्दू परिषद् को बाल संस्कार केंद्र चलाने की आवश्यकता क्यों जान पड़ी? बच्चा दो स्थानों पर सीखता है-एक परिवार, दूसरा विद्यालय।
हमारे पूर्वजों ने बहुत सोच समझ कर परिवार जैसे संस्था की संकल्पना की थी, जहाँ कम से कम तीन पीढियाँ एक साथ रहती थी। बड़े छोटों का मार्गदर्शन करते थे व उनका ध्यान रखते थे। छोटे बड़ो का सम्मान करते और उनकी सेवा करते थे।
समय के साथ परिवर्तन आया। विकासवाद की ऑधी मे सब बिखरता चला गया। संयुक्त परिवार टूटने लगे, एकल परिवारों का चलन बढ़ गया।
विश्व हिन्दू परिषद् ने मातृशक्ति और दुर्गावाहिनी के माध्यम से बाल संस्कार साप्ताहिक चलाने का योजना तैयार की है, जिसमें प्रमुख रूप से खेल, बोधकथा कथन, गीत, खेल गीत, लोकोक्तिया, मुहावरे आदि होगे। समाज का हिस्सा होने के नाते अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करें और प्रत्येक कार्यकर्ता अपना एक साप्ताहिक बाल संस्कार केंद्र चलाए।
कार्यक्रम में प्रान्त सह सत्संग प्रमुख मंजूलता, जिलाध्यक्ष माता सहाय, जिला उपाध्यक्ष पार्वती, जिला मंत्री श्रीकृष्ण सिंह, जिला सह मंत्री अभय, जिला सह सत्संग प्रमुख विष्णु कांति, दुर्गावाहिनी जिला संयोजिका सुमन, जिला सहसंयोजक बजरंग दल पवन ऊमर, कार्यालय प्रमुख विजय, मड़िहान प्रखंड संयोजिका माला सिंह, नगर मातृशक्ति प्रमुख शैल, नगर उपाध्यक्ष सपना, नगर संयोजिका शिप्रा, पूर्णिमा, रानी, मीना, गुंजन, निधि, साधना, स्नेहा, दीपा समेत मातृशक्ति व दुर्गावाहिनी बहने उपस्थित रही।





