अहरौरा, मीरजापुर।
अहरौरा बांध के मेन कैनाल सुलिस से हो रहे पानी के रिसाव को रोकने की मांग को लेकर किसानों का धरना भारतीय किसान यूनियन के नेतृत्व में दूसरे दिन शनिवार को भी जारी रहा। दूसरे दिन धरना स्थल पर मरम्मत के लिए टेक्निकल टीम को लेकर पहुंचे एक्सियन हरिशंकर प्रसाद भी किसानों को संतुष्ट करने में असफल रहे।
किसान यूनियन के प्रदेश उपाध्यक्ष सिद्धनाथ सिंह ने घोषणा किया की अगर 72 घंटे में पानी का लिकेज बंद नहीं किया जाएगा, तो भारी संख्या में किसान स्टेट हाइवे वाराणसी शक्ति नगर को जाम करने के लिए बाध्य होगे।
बता दें कि अहरौरा मेन कैनाल में सिंचाई विभाग की लापरवाही के कारण बड़ी लिकेज हो गई है जिसके कारण अस्सी से नब्बे क्यूसेक पानी अहरौरा मेन कैनाल में लिकेज के माध्यम से निकल रहा है जिसके कारण किसानों के धान की फसल बर्बाद हो रही है जिसके कारण किसान आक्रोशित हैं और और लिकेज बंद करने की मांग को लेकर धरना दे रहे हैं।
बांध पर किसानों द्वारा धरना दिए जाने के दूसरे दिन एक्सियन हरिशंकर प्रसाद टेक्निकल टीम की के मेनेजर आलोक सिंह एवं गोताखोरों को साथ लेकर बांध पर नहर में हो रहे पानी के रिसाव का निरीक्षण किया। टेक्निकल टीम ने बताया की इस रिसाव को बंद करने के तीन चार दिन का समय चाहिए। वही गोताखोर पानी में जाकर यह देखेंगे की रिसाव कहा से हो रहा है इसको कैसे बंद किया जाए।
दूसरे दिन धरना स्थल पर पूर्व विधायक राजेन्द्र सिंह,भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश महामंत्री प्रहलाद सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष सिद्धनाथ सिंह, जिलाध्यक्ष कंचन सिंह फौजी, गोपाल दास गुप्ता सहित सिंचाई विभाग के एसडीओ, जेई ओमप्रकाश राय, आनन्द बिंद आनंद मौर्य सहित सैकड़ों किसान उपस्थित रहे।



