0 बीऐचयू के बरकछा स्थित दक्षिणी परिसर में सेफ्टी अलर्ट सुविधा का विस्तार
0 नमस्ते बीएचयू” मोबाइल ऐप पर सेफ्टी अलर्ट बटन का सफल कार्यान्वयन
विमलेश अग्रहरि, मीरजापुर।
काशी हिंदू विश्वविद्यालय ने छात्राओं के लिए सुरक्षित परिसर सुनिश्चित करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। बीएचयू के वाराणसी परिसर में “नमस्ते बीएचयू” मोबाइल ऐप पर सेफ्टी अलर्ट बटन के सफल कार्यान्वयन के बाद, विश्वविद्यालय ने अब इस महत्वपूर्ण सुविधा का विस्तार राजीव गांधी दक्षिणी परिसर, बरकछा, मिर्जापुर, तक कर दिया है।
वाराणसी परिसर से लगभग 60 किलोमीटर दूर स्थित दक्षिणी परिसर लगभग 2,700 एकड़ में फैला हुआ है। इस परिसर में शैक्षणिक भवन, प्रयोगशालाएँ, छात्रावास, प्रशासनिक कार्यालय, केंद्रीय पुस्तकालय और कृषि एवं पशु चिकित्सा विज्ञान की सुविधाएँ शामिल हैं। यहां तकरीबन 1900 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं,जिनमें से 866 छात्राएँ हैं। यह पहल छात्राओं की सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
इस सुविधा के शुरू होने के साथ ही, दक्षिणी परिसर की छात्राएँ अब “नमस्ते बीएचयू” ऐप के माध्यम से इमरजेंसी सेफ्टी बटन का उपयोग कर आवश्यकता पड़ने पर तुरंत सहायता का प्राप्त कर सकेंगी। कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने कहा कि विश्वविद्यालय अपनी छात्राओं को वाराणसी हो या बरकछा परिसर, एक सुरक्षित परिसर देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा, “हम इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए तकनीक का उपयोग कर रहे हैं और यह सुरक्षा सुविधा इस प्रयास का परिणाम है। हम अपने विद्यार्थिओं को सुरक्षित परिसर उपलब्ध कराने के लिए और क़दम उठाएंगे।”
दक्षिणी परिसर में यह सुरक्षा सुविधा मंगलवार को प्रो. वी. के. मिश्रा, आचार्य प्रभारी, दक्षिणी परिसर, प्रो. एस. पी. सिंह, मुख्य आरक्षाधिकारी, प्रो. निर्मला होरो, उपमुख्य आरक्षाधिकारी, दक्षिणी परिसर के उप मुख्य आरक्षाधिकारी डॉ. मनोज मिश्रा तथा विश्वविद्यालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों, छात्राओं और कर्मचारियों की उपस्थिति में आधिकारिक रूप से शुरू की गई। प्रो. वी. के. मिश्रा ने कहा कि यह पहल विद्यार्थिओं के कल्याण और सुरक्षा के लिए कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। मुख्य आरक्षाधिकारी प्रो. एस. पी. सिंह ने विद्यार्थिओं को विश्वविद्यालय की सुविधाओं से लाभान्वित होने के लिए प्रोत्साहित किया।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने विद्यार्थिओं से आग्रह किया है कि वे इस तकनीकी सुविधा का जिम्मेदारी से उपयोग करें ताकि परिसर में सुरक्षित और आत्मविश्वासपूर्ण वातावरण बना रहे।
उल्लेखनीय है कि इमरजेंसी सेफ्टी बटन की शुरुआत 3 सितंबर 2025, को कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी द्वारा महिला महाविद्यालय से की गई थी। इस सुविधा से छात्राएं किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता प्राप्त कर सकती हैं। आपात स्थिति की सूरत में नमस्ते बीएचयू ऐप पर सुरक्षा बटन दबाते ही विश्वविद्यालय के सुरक्षा नियंत्रण कक्ष को उपयोगकर्ता के रियल टाइम लोकेशन के साथ त्वरित अलर्ट प्राप्त हो जाता है, जिससे सुरक्षा दल तेजी से प्रतिक्रिया दे सकता है।



