0 राष्ट्र सेविका समिति की ओर से किया गया आयोजन
मीरजापुर। बुधवार, 28 अक्टूबर 2026 को नगर के कमला आर्यकन्या पीजी कॉलेज में राष्ट्र सेविका समिति मिर्जापुर एवं महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में “भगिनी निवेदिता” जी का जन्म दिवस मातृशक्तियों ने नारी शक्ति, राष्ट्र सेवा और समर्पण के आदर्श के रूप में मनाया। इस दौरान भगिनी निवेदिता के व्यक्तित्व एवं कृतित्व से परिचय कराने के उद्देश्य से व्याख्यान का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भगिनी निवेदिता जी के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन से किया गया।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय विकास समिति मिर्जापुर की जिला बौद्धिक प्रमुख एवं बिनानी कॉलेज की पूर्व प्राचार्या प्रो० बीना सिंह द्वारा राष्ट्र सेवा के संबंध में भगिनी निवेदिता जी के कार्यों पर प्रकाश डालते हुए एक प्रेरक गीत की प्रस्तुति की गई।
प्रोफेसर बीना सिंह ने बताया कि भगिनी निवेदिता का वास्तविक नाम मार्गरेट एलिजाबेथ नोबल था। उनका जन्म 28 अक्टूबर 1867 को आयरलैंड में हुआ था। वर्ष 1895 में लंदन में स्वामी विवेकानंद से प्रेरित होकर वे भारत आईं। 25 मार्च 1898 को स्वामी जी ने उन्हें ब्रह्मचर्य व्रत की दीक्षा दी और उनका नाम ‘निवेदिता’ रखा, जिसका अर्थ है “ईश्वर को पूर्णतः समर्पित”।
उन्होंने कोलकाता (कलकत्ता) में प्लेग की महामारी, बाढ़ और अकाल के समय अपनी जान जोखिम में डालकर लोगों की निस्वार्थ सेवा की। इसके साथ ही उन्होंने भारत में लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए विशेष विद्यालय की स्थापना की।
उन्होंने कहा कि निवेदिता ने भारत के स्वतंत्रता आंदोलन और राष्ट्रीय पुनर्जागरण में भी सक्रिय भूमिका निभाई, जिसके कारण रवींद्रनाथ टैगोर ने उन्हें ‘लोक माता’ कहकर सम्मानित किया था।
यही कारण है कि समिति की कार्यकर्ता बहने इस दिन को नारी शक्ति, राष्ट्र सेवा और समर्पण के आदर्श के रूप में याद करती है।
इसी श्रृंखला में राष्ट्र सेवा समिति विंध्याचल विभाग की सह बौद्धिक प्रमुख सुश्री इंदु गुप्ता द्वारा राष्ट्र सेविका समिति के कार्यों एवं उद्देश्यों का बताते हुए छात्रों को समिति कार्यों में सम्मिलित होने के लिए प्रेरित किया गया। इस श्रृंखलां में समिति की नगर कार्यवाहिका श्रीमती सीता उमर नें राष्ट्र सेविका समिति के “संकल्प गीत” की मधुर प्रस्तुति से छात्रों को प्रेरित किया।
कार्यक्रम को उत्कृष्टता प्रदान करते हुए महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ रितु सिंह ने छात्राओं को चरित्र निर्माण, राष्ट्र सेवा, एवं कर्तव्य पालन जैसे आदर्शों को केंद्रित करते हुए अपने वक्तव्य से छात्राओं का उत्साहवर्धन किया। कार्यक्रम में अतिथियों का स्वागत डॉ. प्रीति जायसवाल डॉ. रीना सैनी डॉ. गीता गुप्ता द्वारा पुष्प गुच्छ देकर किया गया।
कार्यक्रम में स्वागत वक्तव्य एवं धन्यवाद ज्ञापन दोनों की भूमिका का निर्वहन करते हुये करते हुए डॉ. प्रीति जायसवाल ने कार्यक्रम को एक संपूर्णता दी। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ.अनुराधा एवं डॉ. कंचन दुबे द्वारा किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त सहायक आचार्य एवं कर्मचारियों की सक्रिय भूमिका रही।





